Haryana News: महेंद्रगढ़ शहर में नगर पालिका (Municipal Corporation) की टीम पिछले 10 दिनों से जिस अतिक्रमण हटाओ अभियान (Anti-encroachment Drive) की ढोल पीट रही है, वो अब तक सिर्फ खानापूर्ति साबित हुआ है। न तो सड़कें साफ हुई हैं, न ही दुकानदारों पर कोई असर पड़ा है। उल्टा अब तो 200 रुपये का चालान (Challan) भरना दुकानदारों और रेहड़ी वालों के लिए रोज का खर्चा बन गया है।
हालत ये है कि चालान कटने के बाद भी दुकानदार अपनी जगह से सामान नहीं हटाते। कुछ देर के लिए उठा लेते हैं, टीम निकल जाती है तो फिर वही ठेला, वही बोर्ड, वही अतिक्रमण।
टीम आने से पहले ही मिल जाती है ‘खबर’
शहर में चर्चा जोरों पर है कि नपा की टीम रोज दोपहर एक बजे के आसपास अभियान शुरू करती है। मगर इससे पहले ही दुकानदारों को पता चल जाता है कि टीम आ रही है। नतीजा — सामान हटा लिया जाता है, टीम निकल जाती है, और फिर सब कुछ पहले जैसा। यानी अभियान का धरातल पर कोई खास असर नजर नहीं आ रहा।
करीब 10 कर्मचारी, दो ट्रैक्टर-ट्रॉली और कुछ औपचारिक तामझाम लेकर टीम रोज एक ही रूट पर घूमती है — नपा कार्यालय से बालाजी चौक, फिर किला रोड (Qila Road) होते हुए कॉम्प्लेक्स तक। इसी रूट पर सबसे ज्यादा अतिक्रमण भी है, लेकिन अभियान का कोई स्थायी हल नहीं निकल रहा।

न अधिकारी, न पुलिस बल — बस कर्मचारी और ट्रैक्टर
सबसे अहम बात ये है कि अभियान में न तो कोई नपा अधिकारी शामिल होता है और न ही पुलिस बल साथ चलता है। सिर्फ सफाई दरोगा (Sanitation Inspector) और कुछ कर्मचारी ही मैदान में हैं। जाहिर है, सख्ती की बात तो दूर, कर्तव्यनिष्ठा (Sense of Duty) तो दिखती है मगर सख्ती का नामोनिशान नहीं।
सोमवार को टीम ने बालाजी रोड और किला रोड पर आठ रेहड़ी संचालकों (Handcart Operators) के चालान काटे। लेकिन किसी ने भी अपनी रेहड़ी वहां से नहीं हटाई। न सामान जब्त हुआ, न कोई ठोस कार्रवाई। टीम ने बस चेतावनी देकर छोड़ दिया कि अगली बार फिर चालान होगा।
दुकानों के बाहर तक फैला सामान, सड़कें संकरी
कॉम्प्लेक्स इलाके में दुकानदारों को सिर्फ अपनी दुकान के अंदर ही सामान रखने की अनुमति है, लेकिन बरामदों (Verandas) और बाहर तक धड़ल्ले से सामान लगा रहता है। कोई बोर्ड रख रहा है, तो कोई स्टूल पर सामान फैला रहा है। नतीजा ये कि सड़कें संकरी हो रही हैं, वाहनों को निकलने में दिक्कत हो रही है और जाम (Traffic Jam) की स्थिति बनी रहती है।
अब बनेगी विशेष टीम, डेली रिपोर्ट जाएगी DMC तक
नपा चेयरमैन रमेश सैनी का दावा है कि अब एक विशेष टीम बनाई जाएगी जो सुबह नौ बजे से शाम पांच बजे तक रोजाना अभियान चलाएगी। इस टीम को हटाए गए अतिक्रमण की ‘बिफोर-आफ्टर’ फोटो (Before-After Photos) समेत रिपोर्ट रोज अधिकारियों को सौंपनी होगी। ये रिपोर्ट नगर पालिका सचिव, एमई (Municipal Engineer) और जिला नगर आयुक्त (District Municipal Commissioner – DMC) तक भी भेजी जाएगी।
चेयरमैन का कहना है कि शाम को खुद डीएमसी समीक्षा (Review) करेंगे और अगर लापरवाही दिखी तो संबंधित कर्मचारी या अधिकारी पर सख्त कार्रवाई होगी। साथ ही अगर अभियान के बाद भी कहीं जाम या अतिक्रमण की स्थिति बनती है तो टीम की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
चालान की रकम होगी डबल, सामान भी होगा जब्त
सफाई दरोगा एसआई अनिल कुमार ने बताया कि अब से चालान की राशि डबल होगी और सामान भी जब्त किया जाएगा। हालांकि अभी तक ऐसा कुछ हुआ नहीं है।
फिलहाल तो हालात ये हैं कि जिन दुकानदारों के 10 दिन पहले चालान काटे गए थे, उनके सोमवार को फिर चालान हो गए। यानी अभियान का असली मकसद खो गया है और सिर्फ चालान काटने की औपचारिकता बची है।









